Welcome to Anunaad : Chauri Chaura Dot Com's Online magazine ****** Friday, 10-September-2010 | 00:58 
 
  ANUNAAD HOME »
 
SEARCH FOR NEWS
हिंदी समाचार (बी.बी.सी.)

दिवाली में दीपक :: Anunaad : Chauri Chaura Dot Com's Online Magazine

HEADLINE » Sahitya »

दीपावली के शुभ अवसर पर
दिवाली में दीपक
Thursday, 19-October-2006 | 07:35
 

 
दिवाली में दीपक

(सभी को दिवाली की शुभ कामनायें।)

तुम दिवाली में दीपक जलाते रहो
अँधेरा मिटे, न मिटे, साथियो
जुगनु की तरह तुम टिमटिमाते रहो
रात काली रहे तो रहे, साथियो
तुम दिवाली.......

सितारों की तरह झिलमिलाते रहो
चाँद निकले, न निकले मेरे साथियो
प्रेम की वर्तिका तुम जलाते रहो
प्रिय आयें न आयें, मेरे साथियो
तुम दिवाली में दीपक......

नृत्य करते हुये तुम थिरकते रहो
प्रिय की वीणा बजे, न बजे, साथियो
पतवार नैया की अपनी चलाते रहो
तट आये, न आये, मेरे साथियो
तुम दिवाली में दीपक......

कदम पे कदम तुम बढ़ाते रहो
राह मीलों पड़ी तो पड़ी, साथियो
निज डगर पर हमेशा ही चलते रहो
कोई साथी मिले, न मिले, साथियो
तुम दिवाली में दीपक....

स्वाद जीवन का लेते रहो तुम सदा
चाहे कड़वा या मीठा, मेरे साथियो
प्रेम के गीत तुम गुनगुनाते रहो
कोई प्रेमी मिले न मिले, साथियो
तुम दिवाली में दीपक....

श्री लक्ष्मीनारायण जी की कलम से!

 
 
  More Sahitya
© 2006 Sudhanshu Tripathi | Powered: news v 1.1